बवासीर (पाइल्स) का इलाज 10 आसान घरेलू उपाय और दवा इन हिंदी

Home Remedies - घरेलू नुस्खे बवासीर (पाइल्स) का इलाज 10 आसान घरेलू उपाय और दवा इन हिंदी

बवासीर (पाइल्स) का इलाज घरेलू उपाय और दवा इन हिंदी: पाइल्स को हिंदी में बवासीर और अंग्रेजी में hemorroides के नाम से भी जानते है। इस बीमारी में गुदा के पास वाली नसों में सूजन आ जाती है और समस्या गंभीर होने पर ब्लड भी आने लगता है। पाइल्स के लक्षण में गुदा पर दर्द खुजली जलन मस्से और मल त्याग के समय खून निकलना कुछ आम सिम्पटम्स है। कुछ लोग पाइल्स का उपचार करने और दर्द से छुटकारा पाने के लिए मेडिसिन और क्रीम का प्रयोग करते है और अगर रोग गंभीर हो जाये तो पाइल्स का ऑपरेशन करवाना पड़ता है। आज इस लेख में हम पाइल्स के इलाज के लिए आयुर्वेदिक ट्रीटमेंट, होम्योपैथिक मेडिसिन और घरेलू उपचार जानेंगे, ayurvedic homeopathic medicine and home remedies (gharelu nuskhe) for piles in hindi.

पाइल्स का ट्रीटमेंट होम रेमेडीज, Piles treatment home remedies in hindi

 

बवासीर के लक्षण – Piles Ke Symptoms

  • गुदा पर अंदर या बाहर की तरफ मस्से या गांठे दिखाई देना बवासीर की एक बड़ी पहचान है।
  • लैट्रिन करते वक़्त मस्सों से bleeding होना पाइल्स होने का एक बड़ा लक्षण है।
  • पाइल्स सिम्पटम्स के शुरुआती दिनों में गुदा के आस पास खुजली और दर्द की शिकायत होती है।
  • मल त्याग के समय जोर लगाने पर मस्से गुदा से बाहर निकल आते है। कई बार ये मस्से अपने आप अंदर चले जाते है तो कई बार हाथ से इन्हें अंदर की तरफ धकेलना पड़ता है।
  • बार बार टॉयलेट जाना पर मल ना आना भी इस रोग के लक्षणों में एक है।

 

बवासीर होने का कारण – Piles Ke Karan

  • पाइल्स का सबसे बड़ा कारण कब्ज होना है। कब्ज की वजह से मल त्याग करते वक़्त अधिक जोर लगाना पड़ता है जिस कारण गुदा के पास की नसों पर दबाव पड़ता है और इनमें सूजन आ जाती है।
  • प्रेगनेंसी के समय महिलाओं को पाइल्स हो जाती है।
  • मोटापा ज्यादा होना भी बवासीर का एक कारण है।
  • लम्बे वक़्त एक ही जगह बैठे रहने से ये रोग जल्दी होता है।

 

बवासीर का इलाज और घरेलू उपाय

Piles Treatment At Home in Hindi

1. बवासीर का होम ट्रीटमेंट में नारियल की जटा रामबाण इलाज है। नारियल की जटा जला कर इसकी राख बना ले और इसकी 3 ग्राम मात्रा 1 कप दही या फिर लस्सी में मिला कर सेवन करे। दिन में 3 बार इस घरेलू नुस्खे को करने पर ब्लीडिंग पाइल्स और इसके दर्द से आराम मिलने लगेगा।

2. बवासीर खूनी हो या बादी कच्ची मूली खाने और इसका रस पीने से राहत मिलती है। एक बार में मूली का रस 25 से 50 ग्राम मात्रा तक ले सकते है।

3. मस्से का उपचार के लिए 70 से 80 ग्राम अरंडी के तेल को गर्म करे और इसमें 10 ग्राम कपूर मिला ले। मस्सों को साफ पानी से धो कर इस तेल से मस्सों की हल्की मालिश करे। दिन में दो बार इस home remedy को करने से मस्से की सूजन, दर्द, खुजली और जलन से राहत मिलेगी।

4. बड़ी इलायची 40 से 50 ग्राम ले और इसे तवे पर भून कर चूर्ण बना ले। हर रोज सुबह खाली पेट पानी के साथ इस चूर्ण के सेवन से पाइल्स ठीक होने लगते है।

5. पाइल्स होम रेमेडीज में अंजीर का प्रयोग भी असरदार है। रात को सोने से पहले 2 सूखे अंजीर पानी में भिगो कर रखे और सुबह खाएं। 10-12 दिन इस उपाय को करने से हर तरह की पाइल्स में आराम मिलता है।

6. अगर आपको बार बार पाइल्स होती है तो दोपहर के खाने के बाद लस्सी पिए और लस्सी में सेंधा नमक व थोड़ी अजवाइन भी मिला ले।

7. कब्ज रहने और सुबह ठीक से पेट साफ ना होने की समस्या में इसबगोल का सेवन करे।

8. बवासीर में होम्योपैथिक दवा लेने से मस्से, दर्द और सूजन से छुटकारा मिलता है। Homeopathy treatment करने के लिए यहां आप को दवा के नाम बता रहे है आप इन्हें डॉक्टर की सलाह से ले।

9. होम्योपैथिक इलाज में पाइल्स के दर्द की दवा Ratanhia, ब्लीडिंग पाइल्स की मेडिसिन Hamamelis, कब्ज के साथ बवासीर हो तो Graphites और ज्यादा देर तक बैठने से होने वाली बवासीर में Nux Vomica का प्रयोग कर सकते है।

10. रोग कोई भी हो छुटकारा पाने के लिए दवा और उपचार के साथ साथ अपने खाने पीने में परहेज और एक अच्छी दिनचर्या अपनाने से जल्दी राहत मिलती है।

 

बवासीर की आयुर्वेदिक दवा पतंजलि – Patanjali Ayurvedic Medicine For Piles in Hindi

  • बवासीर ट्रीटमेंट के लिए अगर आप पतंजलि की आयुर्वेदिक मेडिसिन लेना चाहे तो दिव्य अर्शकल्प वटी का प्रयोग करे।
  • Divya Arshkalp Vati की 1 से 2 टेबलेट दिन में दो बार पानी या फिर लस्सी के साथ ले।
  • अच्छी सेहत पाने और रोगों के इलाज में योग काफी उपयोगी है। योग करना piles treatment में भी अच्छा उपाय है।
  • पाइल्स के लिए बाबा रामदेव योगा में कपालभाति और अनुलोम विलोम प्राणायाम दिन में 2 बार करना चाहिए।

 

पाइल्स में क्या खाना चाहिए और क्या ना खाएं

  • लस्सी, पानी ज्यादा पिए और करेले का रस भी पाइल्स में उपयोगी है।
  • मुंग दाल की खिचड़ी, दही चावल, दलिया और देसी घी।
  • खाना खाने के बाद अमरूद खाना चाहिए।
  •  फलों में पपीता, केला, कच्चा नारियल, अंजीर, अनार और आंवला खाएं।
  • सब्जियों में मूली, गाजर, चुकंदर, जिमीकंद, टमाटर और पालक।
  • पाइल्स में परहेज में शराब और धूम्रपान से दूर रहना जरुरी है।
  • ज्यादा चाय कॉफ़ी और तेज मिर्च मसालेदार खाने से भी परहेज करे।

 

दोस्तों पाइल्स का ट्रीटमेंट होम रेमेडीज और मेडिसिन, Piles ka ilaj in hindi का ये लेख कैसा लगा हमें बताये और अगर आपके पास बवासीर का घरेलू उपचार और उपाय है तो हमारे साथ साँझा करे।

Recent Articles

सौंफ के फायदे,उपयोग और रेसिपी (Fennel seeds in hindi)

सौंफ (Fennel seeds in hindi) शायद ही कोई इंसान हो जिसने सौंफ का इस्तेमाल ना किया हो| सौंफ में सोडियम, डाइटरी फाइबर, प्रोटीन, विटामिन-ए, विटामिन-सी,...

बाजरे के रामबाण फायदे,उपयोग और रेसिपी (millet in hindi)

बाजरा (millet in hindi ) बाजरे में प्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट, डाइटरी फाइबर, फास्फोरस, मैग्नीशियम, फोलेट, आयरन इत्यादि पोषक तत्व और विटामिन्स प्रचुर मात्रा में पाए जाते...

ओरेगेनो के अचूक फायदे,उपयोग और रेसिपी (Oregano in Hindi)

ओरेगेनो (Oregano in Hindi) ओरेगेनो का उपयोग हम व्यंजनों के साथ साथ घरेलू उपायों में भी करते है| ओरेगेनो को हम हिंदी में आजवाइन की...

तिल के अचूक फायदे,उपयोग और रेसिपी (sesame seeds in hindi)

तिल (sesame seeds in hindi) भारत वर्ष में तिल का बहुत अधिक महत्व होते है, कुछ प्रमुख त्योहारो पर तिल से बानी सामग्री का पूजन...

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

5 × four =